चमकदार दिन – शांतुओ विश्वविद्यालय का स्नातक गीत
Thread Content
संगीत: BEYONDबोल: लिन शी – यह गीत शांतुओ विश्वविद्यालय के 2008 के स्नातक समारोह हेतु लिखा गया।
हमें पता है कि “आकाश एवं धरती” क्या हैं… अपने हृदय के “आकाश” को भी समझना आवश्यक है। हमें पता है कि “मृगतृष्णा” क्या है… भीड़ में रहने का अनुभव भी समझना आवश्यक है। ज्ञान एवं दुनिया हमेशा चलते रहते हैं… बुद्धि, विचारों के द्वारा ब्रह्मांड को प्रकाशित करती है। हमें पता है कि ज्ञान का कोई अंत नहीं है… हमें यह भी सीखना है कि कैसे काम करना है, एवं कैसे एक अच्छा इंसान बनना है। हमें यह भी पता है कि सीखने का क्या उद्देश्य है… ज्ञान प्राप्त करने का उद्देश्य तो दूसरों की सेवा करना ही है… तभी ही हम आगे बढ़ सकते हैं। जीवन में केवल दृढ़ता एवं परिश्रम ही पर्याप्त नहीं है… सपने ही जीवन को अर्थपूर्ण बनाते हैं। सफलता केवल प्रयासों एवं संपत्ति से ही प्राप्त नहीं होती… जिम्मेदारी लेना ही सबसे बड़ी उपलब्धि है। ज्ञान एवं दुनिया हमेशा चलते रहते हैं… बुद्धि, विचारों के द्वारा ब्रह्मांड को प्रकाशित करती है। हमें पता है कि ज्ञान का कोई अंत नहीं है… हमें यह भी सीखना है कि कैसे खुद को बचाना है, एवं कैसे एक अच्छा इंसान बनना है। हमें यह भी पता है कि सीखने का क्या उद्देश्य है… ज्ञान प्राप्त करने का उद्देश्य तो दूसरों की सेवा करना ही है… तभी ही हम आगे बढ़ सकते हैं। हमें पता है कि ज्ञान का कोई अंत नहीं है… हमें यह भी सीखना है कि कैसे जीवन जीना है… तभी ही हम अपने जीवन को सार्थक बना सकते हैं।